निःशुल्क अध्ययन शृंखला
शिक्षा, साहित्य और सार्वजनिक जीवन
सावित्रीबाई फुले, आंबेडकर, टैगोर और सरोजिनी नायडू से सीखें: शिक्षा तक पहुँच, अधिकार, कल्पना और सामूहिक कार्य।
4 पाठ · अपनी गति से सीखें
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सीखें, अभ्यास करें, समझाएँ
व्याख्या पढ़ने से पहले अभ्यास आजमाएँ। अपनी समझ जाँचने वाले प्रश्नों के उत्तर अपने शब्दों में दें, फिर दिए उत्तर से अपने तर्क की तुलना करें। आगे बढ़ने से पहले कठिन हिस्सा फिर पढ़ें। खाते या भुगतान की जरूरत नहीं है।
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सावित्रीबाई फुले: शिक्षा और समानता
सावित्रीबाई फुले ने शिक्षा को सामाजिक बहिष्कार के विरुद्ध व्यावहारिक प्रयास बनाया। शिक्षिका, संगठक और लेखिका के रूप में उनका अध्ययन दिखाता है कि अधिकार कक्षाओं, अध्यापन और लगातार सार्वजनिक प्रयास से सार्थक होता है।
सीखने का लक्ष्य: समझाएँ कि खुले प्रवेश के बावजूद बहिष्कार कैसे बना रह सकता है, पहुँच और सीखने में अंतर करें तथा आंदोलन को एक व्यक्ति तक सीमित किए बिना प्रमाण से योगदान परखें।
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बी. आर. आंबेडकर: विधि, अध्ययन और लोकतंत्र
भीमराव रामजी आंबेडकर ने विद्वत्ता को जातिगत बहिष्कार के विरुद्ध संगठित संघर्ष और लोकतांत्रिक संस्थाओं के निर्माण से जोड़ा। उनका जीवन समझाता है कि संविधान को सुविचारित नियम और समान गरिमा निभाने वाले लोग, दोनों क्यों चाहिए।
सीखने का लक्ष्य: मतदान और लोकतंत्र के व्यापक आचरण में अंतर करें, अधिकारों के लिए उपचार क्यों चाहिए समझाएँ और नियम को उसके शब्दों तथा प्रभाव से परखें।
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रवींद्रनाथ टैगोर: साहित्य, स्वतंत्रता और सीखना
टैगोर ने कल्पनाशील लेखन को शिक्षा के व्यावहारिक प्रयोगों से जोड़ा। जानें कि कविता आदतों पर प्रश्न कैसे उठाती है, अनुवाद रचना के पाठक कैसे बदलता है और विद्यालय ज्ञान को जीवन के अनुभव से कैसे जोड़ सकता है।
सीखने का लक्ष्य: प्रमाण के साथ एक साहित्यिक बिंब समझाएँ, मूल रचना और उसके अनुवाद का अंतर पहचानें तथा अवलोकन और अभिव्यक्ति जोड़ने वाली छोटी गतिविधि बनाएँ।
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सरोजिनी नायडू: कविता, तर्कपूर्ण संवाद और सार्वजनिक जीवन
कवि किसी स्थान की कल्पना को आकार दे सकता है; संगठनकर्ता लोगों को मिलकर काम करने में सहायता देता है। नायडू का जीवन कविता, भाषण और ऐतिहासिक रिकॉर्ड का अंतर रखते हुए सार्वजनिक संचार के दोनों रूप समझाता है।
सीखने का लक्ष्य: काव्य-स्वर समझाएँ, सार्वजनिक दावे को परखें और साहित्यिक तथा राजनीतिक पड़ाव जोड़ें, बिना यह माने कि एक ने अपने-आप दूसरे को जन्म दिया।
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